तेरी-मेरी ये नज़दीकियाँ
कहती हैं कई कहानियाँ
होने से बस क्यूँ जाने तेरे
मिट जाती हैं सारी परेशानियाँ
आओ ना, साथ तेरे कहीं हम चलें (हम चलें)
आओ ना, तेरे गीतों में खो चलें (खो चलें)
मैं रात सा हूँ (सा हूँ), तू चाँद सी है (चाँद सी है)
मैं नींद जैसे, तू ख़्वाब सी है
तेज़ गर्मी में तू जैसे दिल पे
ठंडी सी बरसात है
आओ ना, साथ तेरे कहीं हम चलें (हम चलें)
आओ ना, तेरे गीतों में खो चलें (खो चलें)
आओ ना, साथ तेरे कहीं हम चलें (हम चलें)
आओ ना, तेरे गीतों में खो चलें
(खो चलें)
(खो चलें)
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