Neeti Mohan – Darbadar Lyrics

दरबदर फिरे, जाने तू कहां
कौन सी गली, कौन सा जहां
ढूंढे जो तू पगले
नहीं वो यहां
नहीं वो यहां
नहीं वो यहां.

दरबदर फिरे, जाने तू कहां
कौन सी गली, कौन सा जहां
ढूंढे जो तू पगले
नहीं वो यहां
नहीं वो यहां
नहीं वो यहां.
दरबदर फिरे
दरबदर फिरे
दरबदर फिरे...

कहां जा रहा है
क्यूों जा रहा है
कैसा जुनून है यह
दो पल ठहर जा
सांसों को अपनी, थोड़ा सुकून तो दे
किसकी चली है उसके आगे
तेरी चलेगी कहां. हो.

दरबदर फिरे, जाने तू कहां
कौन सी गली, कौन सा जहां
ढूंढे जो तू पगले
नही वो यहां
नही वो यहां
नही वो यहां.
दरबदर फिरे
दरबदर फिरे
दरबदर फिरे...

इस दुनिया में आने वाले, इक दिन जाएगा
मुफ़्त में जीने वाले इक दिन, क़र्ज़ चुकाएगा
ओ रे मुसाफिर बात समझ ले
तेरा नही ये जहां हो.

दरबदर फिरे, जाने तू कहां
कौन सी गली, कौन सा जहां
ढूंढे जो तू पगले
नहीं वो यहां
नहीं वो यहां
नहीं वो यहां.

दरबदर फिरे
दरबदर फिरे
दरबदर फिरे...

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